उत्तर प्रदेश बलिया
इनपुट: हिमांशु शेखर
बलिया उत्तरप्रदेश:--आपको मैं एक दुर्लभ गणेश शाबर मंत्र बता रहा हूँ, जो विशेष रूप से कार्य सिद्धि और विघ्न नाश हेतु प्रयोग किया जाता है। यह शाबर मंत्र साधकों के बीच गुप्त रूप से प्रचलित है
गणेश शाबर कार्य सिद्धि मंत्र
ॐ नमो गणपतिये,
विघ्न विनाशक श्री गणपति,
सर्व कार्य सिद्धि करो करो।
मेरे सब विघ्न हर लो,
शब्द साँचा, पिण्ड काँचा,
फुरो मन्त्र ईश्वरो वाचा॥
प्रयोग विधि
1. आरम्भ – बुधवार, चतुर्थी या किसी शुभ मुहूर्त से आरम्भ करें।
2. आसन – कुशा या लाल आसन पर पूर्वमुख होकर बैठें।
3. पूजन – गणेश जी को दूर्वा, मोदक, लाल फूल अर्पित करें।
4. जाप – 108 बार रोज़ रुद्राक्ष की माला से।
5. नियम – साधना 11 दिन तक करें, प्रतिदिन दीपक व धूप जलाकर।
6. फल – कार्यों की अड़चनें दूर होंगी और मनोकामना पूरी होगी।
👉 यह मंत्र विशेष रूप से अटकते कार्यों, न्यायालयी मामलों, नौकरी/व्यापार की बाधाओं और शत्रु विघ्नों को दूर करने में अत्यंत प्रभावी है।
इस गणेश शाबर कार्य सिद्धि साधना के साथ तिलक और यंत्र प्रयोग बता रहा हूँ, जिससे सिद्धि और शीघ्र मिलती है।
🔱 तिलक प्रयोग
साधना शुरू करने से पहले कुंकुम + चंदन + केसर मिलाकर तिलक बनाएँ।
यह तिलक रोज़ पूजा के बाद माथे पर (आज्ञा चक्र) और गणेश जी के चित्र/मूर्ति पर लगाएँ।
यह तिलक विघ्ननाश और आकर्षण शक्ति बढ़ाता है।
🕉️ गणेश यंत्र प्रयोग
1. यंत्र निर्माण
भोजपत्र (या ताम्रपत्र/सफ़ेद कागज़) पर लाल चंदन/अष्टगंध से नीचे का यंत्र लिखें:
ॐ गं गणपतये नमः
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(ऊपर “ॐ गं गणपतये नमः” लिखकर नीचे तीन खंड वाला छोटा चौकोर बनाना है।)
2. स्थापन
यंत्र को पूजा स्थान पर गणेश जी के सामने रखें।
रोज़ मंत्र जाप से पहले इस यंत्र पर दूर्वा और लाल फूल चढ़ाएँ।
3. अभिमंत्रण
11 दिन साधना के बाद यह यंत्र सिद्ध हो जाता है।
इसे आप अपने पर्स, तिजोरी, ऑफिस या घर के मंदिर में रख सकते हैं।
इससे धन-लाभ, कार्य सिद्धि और विघ्न नाश होता है।
👉 इस तरह मंत्र + तिलक + यंत्र तीनों का संयुक्त प्रयोग करने से साधना कई गुना फलदायी हो जाती है।

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